प्रेस की आवाज दबाने की कोशिश बर्दाश्त नहीं, यह लोकतंत्र पर सीधा हमला है
भाजपा प्रदेश अध्यक्ष एवं पूर्व विधानसभा अध्यक्ष डॉ. राजीव बिंदल ने पंजाब में आम आदमी पार्टी सरकार द्वारा Punjab Kesari Group को निशाना बनाकर की जा रही दमनात्मक कार्रवाइयों की कड़ी निंदा की है। उन्होंने कहा कि यह पूरी कार्रवाई किसी कानून व्यवस्था के तहत नहीं, बल्कि स्वतंत्र और निर्भीक पत्रकारिता को डराने व दबाने की नीयत से की गई प्रतीत होती है।
डॉ. बिंदल ने कहा कि 31 अक्टूबर 2025 को प्रकाशित एक संतुलित समाचार के बाद 2 नवंबर से Punjab Kesari Group के सभी सरकारी विज्ञापन बंद करना, और उसके पश्चात एक के बाद एक विभिन्न सरकारी विभागों—एफएसएसएआई, जीएसटी, आबकारी विभाग, फैक्ट्री विभाग और प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड—के माध्यम से लगातार छापेमारी और कार्रवाई करना, यह स्पष्ट रूप से टार्गेटेड विच-हंट को दर्शाता है। होटल, प्रिंटिंग प्रेस, लाइसेंस रद्द करना, बिजली कनेक्शन काटना और प्रेस परिसरों के बाहर भारी पुलिस बल की तैनाती यह साबित करती है कि सरकार जानबूझकर प्रेस संचालन को बाधित करना चाहती है।
उन्होंने कहा कि Punjab Kesari Group का इतिहास बलिदानों से भरा है। स्व. लाला जगत नारायण, स्व. रमेश चंद्र चोपड़ा सहित अनेक पत्रकारों और कर्मचारियों ने आतंकवाद के दौर में अपने प्राणों की आहुति दी, लेकिन अखबार ने कभी सच लिखना नहीं छोड़ा। आज उसी निर्भीक पत्रकारिता को आम आदमी पार्टी सरकार कुचलना चाहती है, जो अत्यंत निंदनीय और शर्मनाक है।
डॉ. राजीव बिंदल ने चेतावनी देते हुए कहा कि इस प्रकार का रवैया बिल्कुल बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। मीडिया लोकतंत्र का चौथा स्तंभ है और यदि उस पर सरकारी ताकत के बल पर हमला किया गया, तो यह सीधे-सीधे संविधान और लोकतंत्र की आत्मा पर हमला है। उन्होंने कहा कि चुनावी माहौल में मीडिया को डराने की यह कोशिश पंजाब की जनता कभी स्वीकार नहीं करेगी।
उन्होंने मांग की कि Punjab Kesari Group के खिलाफ की जा रही सभी दमनात्मक कार्रवाइयों की निष्पक्ष जांच हो, जिम्मेदार अधिकारियों और राजनीतिक आकाओं की जवाबदेही तय की जाए तथा प्रेस की स्वतंत्रता में हस्तक्षेप तत्काल रोका जाए। भारतीय जनता पार्टी इस मुद्दे पर चुप नहीं बैठेगी और लोकतंत्र की रक्षा के लिए हर संवैधानिक मंच पर संघर्ष करेगी।







