आज इंडियन नेशनल कैलेंडर के अनुसार दिनांक राष्ट्रीय सौर INC 17 चैत्र 1945 ???????? आज ग्रेगोरियन अंग्रेजी दिनांक 07 अप्रैल 2023 ???????? राष्ट्रीय दिनांक का प्रयोग हमें चैक,NEFT, प्रवेश पत्र, जन्म मृत्यु प्रमाण पत्र, आदि पर अंग्रेजी में चेक लिखना हो तब INC 17 CHIR 1945 हिंदी में चेक भरना हो तब राष्ट्रीय सौर 17 चैत्र 1945 इस प्रकार लिखना चाहिए।????हिंदू धर्म में तुलसी पत्र ब तुलसी की लकड़ी का बहुत अधिक महत्व है अक्सर देखते हैं कि अधिकतर सज्जन अपने घर में तुलसी का पौधा लगाते हैं समय आने पर तुलसी का पौधा सूख जाता है तो लोग उसको कहीं भी डस्टबिन में फेंक देते हैं या पीपल के नीचे,, वहां से भी एक दिन पांव के नीचे आता है ऐसा करना पाप है तुलसी की लकड़ी के छोटे टुकड़े बनाकर धूप में डालकर जला सकते हैं, किसी की अंत्येष्टि संस्कार में जाते समय इसको साथ ले जाकर उसकी चिता पर भी लकड़ी दान कर सकते हैं। तुलसी जी की लकड़ी को घिसकर माथे पर चंदन के रूप में भी प्रयोग करें, ऐसा वेद भागवत जी का कथन है ???? मंदिर सूचना पट्ट, कथा, कीर्तन, विवाह शादी, गृह प्रवेश निमंत्रण पत्र आदि पर दिनांक इस प्रकार लिखें 17 चैत्र 1945 (5125)???? जो सज्जन प्रतिदिन व्यक्तिगत पूजा करते हैं बह संकल्प इस प्रकार पढ़ सकते हैं ओम विष्णु विष्णु विष्णु श्रीमद् भगवतो महत् पुरुषस्य विष्णो राजया प्रवर्तमानस्य अद्य ब्रह्मणो द्वितीये परार्धे श्री श्वेत वराह कल्पे सप्तमे वैवस्वत मन्वंतरे अष्टा विंशति तमे कलियुग संबत 5125 चैत्र मासे (वैदिक नाम मधु मासे) दिनांक 17 शुक्र वासरे ……. नामक स्थाने ( अपना गोत्र ब नाम ),,,,,, पूजा अहम् करिष्यामी संकल्प में तिथि नक्षत्र आदि कहना कर्मकांड की भाषा है। ???????? राष्ट्रीय शक् संवत् (सन्)1945
???? विक्रमी संवत् (सन्) 2080
???? महावीर जैन सम्वत् 2549
???? युगाब्द या कलियुग संवत् 5125
???? श्री कृष्ण संवत् (सन्) 5250
???? श्री राम संवत्(सन्) 880166
???? सृष्टि संवत् 1955885125???? संवत्सर पिंगल
???? उत्तरायण
???? ऋतु वसन्त
???? वेदों के अनुसार इस महीने का नाम मधु मास है
???? चन्द्र के अनुसार महीना वैशाख पक्ष कृष्ण
???? तिथि प्रतिपदा एकम् सुबह 10:20 तक तदुपरांत द्वितिया
???? वार शुक्र वार
???? नक्षत्र चित्रा दोपहर 1:32 तक तदुपरांत स्वाति
???? दिनमान 31 घटी 12 पल (एक दिन रात 60 घटी अथवा 24 घंटे का होता है)
????सूर्य उदय 6:08 सूर्य अस्त 6:37
???? मीन राशि में सूर्य संक्रान्ति से प्रविष्टे 24
???? दिशाशूल पश्चिम (यदि यात्रा आवश्यक हो तो दूध या दही खाकर घर से निकले) हमने किसी स्थान पर जाना है और वहां से उसी दिन वापस आना है तो दिशाशूल नहीं होता)
???? अभिजीत मुहूर्त दोपहर 11:58 to 12:48
(इस समय किये गये कार्य की रक्षा स्वयं भगवान विष्णु करते हैं)
???? राहुकाल 10:48 am से 12:23 pm तक ( इस समय में कोई भी शुभ कार्य नहीं करना चाहिए ऐसा दक्षिण भारत में मान्यता है)
???? यह पंचांग दिल्ली के अक्षांश रेखांश पर आधारित है।???? तारा अस्त गुरु अस्त 30 मार्च से 30 अप्रैल तक
???? चतुर्थी व्रत 9 अप्रैल रविवार चंद्रोदय रात्रि 10:03 पर
???? गुरु तेग बहादुर जयंती 11 अप्रैल मंगलवार
???? श्री गुरु अर्जुन देव जयंती 12 अप्रैल बुधवार
???? श्री शीतला पूजन, काल अष्टमी व्रत 13 अप्रैल गुरुवार
???? श्री चंडिका नवमी, सूर्य संक्रांति 14 अप्रैल शुक्रवार
???? वरुथिनी एकादशी व्रत 16 अप्रैल रविवार
???? सोम प्रदोष व्रत 17 अप्रैल सोमवार
???? मासिक शिवरात्रि 18 अप्रैल मंगलवार
???? गंडमूल 10 अप्रैल दोपहर 1: 38 से 12 अप्रैल दोपहर 12:00 बजे तक
???? पंचक 16 अप्रैल प्रातः 4:42 से 19 अप्रैल रात्रि 11:52 तक
???? सर्वार्थ सिद्धि योग 8 अप्रैल प्रातः 6:07 से दोपहर 2:00 बजे तक (इस मुहूर्त में किए गए सभी कार्य सिद्ध होते हैं)
???? सर्वार्थसिद्धि योग 10 अप्रैल प्रातः 6:05 से दोपहर 1: 38 तक
???? अमृत सिद्धि योग 22 अप्रैल रात्रि 11:23 से 23 अप्रैल प्रातः 5:51 तक
???? गुरु पुष्य योग 27 अप्रैल प्रातः 7:00 से 28 अप्रैल प्रातः 5:47 तक
???? द्विपुष्कर योग 21 मई प्रातः 9:04 am से रात्रि 10:10 pm तक(इस समय में किया गया कार्य दोगुना होता है)
???? त्रिपुष्कर योग 17 अप्रैल 4:06 am से 5:57am तक
???? ज्वालामुखी योग 5 जून 3:22 am से 6:39 am तक (इस योग में कोई भी कार्य नहीं करना चाहिए)




