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October 25, 2026 11:24 pm

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शूलिनी विश्वविद्यालय ने लगातार तीसरे वर्ष दुनिया की Top 500 यूनिवर्सिटीज में बनाई जगह

IISc बेंगलुरु और साविता इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल एंड टेक्निकल साइंसेज के साथ Top 500 में शामिल भारत के तीन संस्थानों में से एक
भारत, 30 सितंबर 2026: शूलिनी विश्वविद्यालय ने लगातार तीसरे वर्ष टाइम्स हायर एजुकेशन (THE) वर्ल्ड यूनिवर्सिटी रैंकिंग्स 2027 में दुनिया की Top 500 यूनिवर्सिटीज में अपनी जगह बरकरार रखी है। आज जारी हुई रैंकिंग में शूलिनी विश्वविद्यालय भारत में तीसरे स्थान पर रहा और वैश्विक स्तर पर 451–500 बैंड में जगह बनाई।
भारतीय विज्ञान संस्थान (IISc), बेंगलुरु 254वें स्थान पर रहा, जबकि साविता इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल एंड टेक्निकल साइंसेज 326–350 बैंड में शामिल हुआ। शूलिनी विश्वविद्यालय से आगे स्थान पाने वाले ये भारत के केवल दो संस्थान रहे।
विश्वविद्यालय के अगले लक्ष्य के बारे में बात करते हुए फाउंडर चांसलर प्रो. पी.के. खोसला ने कहा, “जब हमने शूलिनी की स्थापना की थी, तब हमारा उद्देश्य था कि हिमालयी क्षेत्र में स्थित कोई विश्वविद्यालय भी दुनिया के सर्वश्रेष्ठ विश्वविद्यालयों के साथ प्रतिस्पर्धा कर सके। हमारे फैकल्टी,शोधकर्ताओं और छात्रों के प्रयासों ने हमें इससे भी आगे बढ़ने का विश्वास दिया है। हमारा लक्ष्य अगले तीन वर्षों में दुनिया की Top 200 यूनिवर्सिटीज में शामिल होना है।”
शूलिनी विश्वविद्यालय ने Research Quality में वैश्विक स्तर पर 184वां स्थान हासिल किया है और International Outlook में भारत में तीसरा स्थान प्राप्त किया है। विश्वविद्यालय का ओवरऑल स्कोर 47.4–48.7 के दायरे में रहा। पिछले पांच वर्षों में यह चौथी बार है जब शूलिनी विश्वविद्यालय दुनिया की Top 500 यूनिवर्सिटीज में शामिल हुआ है।
प्रो चांसलर प्रो. विशाल आनंद ने कहा, “एक बार Top 500 में जगह बनाना निश्चित रूप से एक उपलब्धि है। लेकिन लगातार तीन वर्षों तक इस सूची में बने रहना अधिक चुनौतीपूर्ण है, क्योंकि इसके लिए हर वर्ष निरंतर प्रयास और प्रदर्शन की आवश्यकता होती है। यह परिणाम उन सभी लोगों के प्रयासों को दर्शाता है जो शूलिनी की प्रगति में लगातार योगदान दे रहे हैं।”
2027 की रैंकिंग में दुनिया भर के 2,297 संस्थानों को शामिल किया गया, जिनमें भारत के 143 संस्थान हैं। इस सूची में एशिया के 1,000 से अधिक संस्थान शामिल रहे।
वाइस चांसलर प्रो. अतुल खोसला ने कहा, “दुनिया के अग्रणी विश्वविद्यालयों में पहचान मिलनाशूलिनी के लिए गर्व का क्षण है। हम रिसर्च में निवेश जारी रखेंगे, अंतरराष्ट्रीय साझेदारियों को मजबूत करेंगे और ऐसी शिक्षा पर ध्यान केंद्रित करेंगे जो छात्रों को सोचने, सवाल करने और नए विचारों को आकार देने के लिए प्रेरित करे।”
THE World University Rankings को उच्च शिक्षा के क्षेत्र में एक महत्वपूर्ण वैश्विक मानक माना जाता है। यह रैंकिंग रिसर्च-आधारित विश्वविद्यालयों का मूल्यांकन शिक्षण, शोध, ज्ञान के हस्तांतरण और अंतरराष्ट्रीय दृष्टिकोण जैसे मानकों पर करती है, जिससे संस्थानों के प्रदर्शन की दुनिया भर के विश्वविद्यालयों के साथ तुलना की जा सकती है।