???????? आज इंडियन नेशनल कैलेंडर के अनुसार दिनांक राष्ट्रीय सौर INC 08 आषाढ़ 1945
???????? आज पोप ग्रेगोरियन के अनुसार अंग्रेजी दिनांक 29 जून 2023
???????? राष्ट्रीय दिनांक का प्रयोग हमें चैक,NEFT, बैंक cash counter पर, प्रवेश पत्र, जन्म मृत्यु प्रमाण पत्र,विद्यालय के प्रवेश पत्र ब निष्कासन पत्र पर
अंग्रेजी में लिखना हो तब INC 08 ASAR 1945 हिंदी में लिखना हो तब
राष्ट्रीय सौर 08 आषाढ़ 1945 इस प्रकार लिखना चाहिए।
???? मंदिर सूचना पट्ट, कथा, कीर्तन, विवाह शादी, गृह प्रवेश निमंत्रण पत्र आदि पर दिनांक इस प्रकार लिखें 08 आषाढ़ 1945 (5125)
???????? इस राष्ट्रीय दिनांक को भारत के माननीय राष्ट्रपति यशस्वी प्रधानमंत्री रिजर्व बैंक के अधिकारी आकाशवाणी विदेश मंत्रालय के अधिकारी संसद सदस्य के संसदीय पत्रक पटल पर प्रतिदिन यह दिनांक लिखी जाती है विदेश मंत्रालय विदेश के साथ किसी भी व्यवहार में इस दिनांक को लिखता है हमें भी अपनाना चाहिए व प्रचार प्रसार करना चाहिए
???? जो सज्जन प्रतिदिन व्यक्तिगत पूजा करते हैं बह संकल्प इस प्रकार पढ़ सकते हैं ओम विष्णु विष्णु विष्णु श्रीमद् भगवतो महत् पुरुषस्य विष्णो राजया प्रवर्तमानस्य अद्य ब्रह्मणो द्वितीये परार्धे श्री श्वेत वराह कल्पे सप्तमे वैवस्वत मन्वंतरे अष्टा विंशति तमे कलियुग संबत 5125 (वैदिक नाम शुचि मासे) दिनांक आषाढ़ 08 गुरु वासरे ……. नामक स्थाने ( अपना गोत्र ब नाम ),,,,,, पूजा अहम् करिष्यामी इस प्रकार संकल्प पढ़ने से हमारा संबंध 01 अरब 95 करोड 58 लाखवर्ष पहले के हमारे आदिगुरु से हो जाता है । संकल्प में तिथि नक्षत्र आदि कहना कर्मकांड की भाषा है, हम जनसाधारण तिथि नक्षत्र के बिना भी संकल्प कर सकते हैं।
???????? राष्ट्रीय शक् संवत् (सन्)1945
???? विक्रमी संवत् (सन्) 2080
???? महावीर जैन सम्वत् 2549
???? बौद्ध संवत् 2563
???? युगाब्द या कलियुग संवत् 5125
???? श्री कृष्ण संवत् (सन्) 5250
???? श्री राम संवत्(सन्) 880166
???? सृष्टि संवत् 1955885125
???? संवत्सर पिंगल
???? दक्षिणायन
???? ऋतु वर्षा
???? वेदों के अनुसार शुचि मास है
???? चन्द्र के अनुसार महीना आषाढ़ पक्ष शुक्ल
???? तिथि एकादशी
???? वार गुरु वार
???? नक्षत्र स्वाति शाम 4:30 तक तदुपरांत विशाखा
???? दिनमान 34 घटी 27 पल (एक दिन रात 60 घटी अथवा 24 घंटे का होता है)
????सूर्य उदय 5:31 सूर्य अस्त 7:18
???? मिथुन राशि में सूर्य संक्रान्ति से प्रविष्टे 15
???? दिशाशूल दक्षिण (यदि यात्रा आवश्यक हो तो जीरा या दही खा कर घर से निकले) हमने किसी स्थान पर जाना है और वहां से उसी दिन वापस आना है तो दिशाशूल नहीं होता)
???? अभिजीत मुहूर्त दोपहर 11: 56 to 12:52
(इस समय किये गये कार्य की रक्षा स्वयं भगवान विष्णु करते हैं)
???? राहुकाल 02:09 pm से 03:53 pm तक ( इस समय में कोई भी शुभ कार्य नहीं करना चाहिए ऐसा दक्षिण भारत में मान्यता है)
???? यह पंचांग दिल्ली के अक्षांश रेखांश पर आधारित है।
???? शयनी एकादशी व्रत, देव शयन उत्सव, चतुर्मास आरंभ 30 जून गुरुवार (यह वही चतुर्मास है जिसमें भारत के यशस्वी प्रधानमंत्री सुना है कि 4 महीने तक दिन में एक समय भोजन करते हैं)
???? प्रदोष व्रत, वैद्य हकीम doctors day 01 जुलाई शनिवार
???? जैन मुनि चातुर्मास प्रारंभ 2 जुलाई रविवार
???? गुरुपूर्णिमा, व्यास पूजा, सन्यासीनां यम नियम आदि प्रारंभ, मेला नैमिषारण्य 3 जुलाई सोमवार
???? गंडमूल 01 जुलाई दोपहर 3:03 से 03 जुलाई दोपहर 11:01 तक
???? पंचक 6 जुलाई दोपहर 1:40 से 10 जुलाई शाम 6:58 तक
???? सर्वार्थ सिद्धि योग 2 जुलाई दोपहर 1:17 से 3 जुलाई प्रातः 5:32 तक(इस मुहूर्त में किए गए सभी कार्य सिद्ध होते हैं)
???? सर्वार्थसिद्धि योग 30 जून शाम 4:09 से 01 जुलाई प्रातः 5:31 का
???? अमृत सिद्धि योग 11 जुलाई प्रातः 5:36 से शाम 7:04 तक
???? द्विपुष्कर योग 25 जुलाई प्रातः 5:42 से शाम 3:08 तक(इस समय में किया गया कार्य दोगुना होता है)
???? त्रिपुष्कर योग 4 जुलाई दोपहर 1: 38 से 5 जुलाई प्रातः 5: 33 तक








