शिमला 28 अक्तूबर, 2026,रामपुर के तलाई (नोगली) में दुकान से पटाखों के 22 कार्टन जब्त, आरोपी के खिलाफ एफआईआर दर्ज
उपायुक्त शिमला अनुपम कश्यप ने जिला में पटाखों की अवैध बिक्री और भंडारण करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने स्पष्ट किया कि पटाखों की बिक्री के लिए वैध लाइसेंस होना अनिवार्य है तथा इनकी बिक्री केवल प्रशासन द्वारा निर्धारित स्थानों पर ही की जा सकती है। नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई, एफआईआर दर्ज करने और संबंधित प्रावधानों के तहत जुर्माना लगाने की कार्रवाई अमल में लाई जाएगी।
उपायुक्त ने कहा कि पटाखों की बिक्री और भंडारण को नियंत्रित करने के लिए विस्फोटक अधिनियम, 1884 (Explosives Act, 1884) तथा विस्फोटक नियम, 2008 (Explosives Rules, 2008) के प्रावधान लागू होते हैं। पटाखों का अवैध भंडारण और बिना वैध लाइसेंस बिक्री करना कानून का उल्लंघन है। ऐसे मामलों में संबंधित कानूनी प्रावधानों के तहत कार्रवाई की जाएगी।
रामपुर में अवैध पटाखे रखने पर एफआईआर दर्ज
जिला में अवैध रूप से पटाखे रखने के मामले में रामपुर पुलिस ने कार्रवाई की है। पुलिस से प्राप्त जानकारी के अनुसार, दीपक बंसल पुत्र रविंद्र बंसल, निवासी गांव एवं डाकघर रामपुर, तहसील रामपुर, जिला शिमला के खिलाफ पुलिस थाना रामपुर में एफआईआर संख्या 119/26, दिनांक 28 अक्टूबर, 2026 दर्ज की गई है। आरोपी के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 125 और 288 तथा विस्फोटक अधिनियम, 1884 की धारा 9बी के तहत मामला दर्ज किया गया है।
पुलिस के अनुसार, आरोपी की तलाई (नोगली) स्थित दुकान में अवैध रूप से रखे गए पटाखों के 22 कार्टन जब्त किए गए हैं। जब्त पटाखों को बुशहर हाउस, रामपुर में रखा गया है। मामले की जांच हेड कांस्टेबल सुरेंद्र, नंबर 178, पुलिस थाना रामपुर द्वारा की जा रही है।
उपायुक्त ने कहा कि त्योहारी सीजन के दौरान लोगों की सुरक्षा सुनिश्चित करना प्रशासन की प्राथमिकता है। पटाखों का अवैध भंडारण और असुरक्षित स्थानों पर बिक्री आगजनी तथा अन्य दुर्घटनाओं का कारण बन सकती है। इसलिए सभी विक्रेताओं को आवश्यक लाइसेंस प्राप्त करने और प्रशासन द्वारा निर्धारित स्थानों पर ही पटाखों की बिक्री करने के निर्देश दिए गए हैं।
उन्होंने पटाखा विक्रेताओं से नियमों का पालन करने तथा आमजन से केवल अधिकृत विक्रेताओं से ही पटाखे खरीदने की अपील की। उन्होंने कहा कि जिला प्रशासन और पुलिस द्वारा नियमों के उल्लंघन पर निगरानी रखी जाएगी तथा दोषी पाए जाने वालों के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।






