17 सितंबर से 17 अक्टूबर तक हिमाचल में चलेगा सेवा संकल्प अभियान : डॉ. राजीव बिंदल
8 हजार बूथों के 80 हजार घरों में जलेंगे ‘आशीर्वाद के दीप’, रक्तदान से सेवा ज्योति यात्रा तक प्रदेशभर में होंगे सेवा के 25 प्रकार के अभियान : बिंदल
कांग्रेस सरकार ने हिमाचल की शिक्षा व्यवस्था को किया तार-तार, हजारों सिंगल टीचर स्कूल और शिक्षकविहीन विद्यालय सरकार के व्यवस्था परिवर्तन की असली तस्वीर : बिंदल
सरकारी स्कूलों में फीस बढ़ी, मुफ्त वर्दी और बस सुविधा पर चली कैंची; भवन, शिक्षक और मूलभूत सुविधाओं के अभाव में बच्चों के भविष्य से खिलवाड़ : बिंदल
2032 में आत्मनिर्भर हिमाचल का दावा खोखला, CAG ने खोली वित्तीय कुप्रबंधन की परतें; कर्ज लेकर प्रदेश चलाने वाली सरकार जनता को दिखा रही झूठे सपने : बिंदल
शिमला। भारतीय जनता पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष डॉ. राजीव बिंदल ने कहा कि देश के यशस्वी प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के शासन व्यवस्था में सेवा और समर्पण के 25 वर्ष पूर्ण होने के अवसर पर भारतीय जनता पार्टी राष्ट्रीय स्तर पर “सेवा संकल्प अभियान” चलाएगी। हिमाचल प्रदेश में यह अभियान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के जन्मदिन 17 सितंबर से 17 अक्टूबर तक पूरे एक महीने चलेगा और भाजपा इसे बूथ स्तर तक लेकर जाएगी।
डॉ. बिंदल ने कहा कि नरेंद्र मोदी ऐसे नेता हैं जिन्होंने सत्ता को सेवा के माध्यम में परिवर्तित किया। गुजरात के मुख्यमंत्री और उसके बाद देश के प्रधानमंत्री के रूप में उन्होंने गरीब, किसान, युवा, महिला और समाज के प्रत्येक वर्ग की सेवा को शासन का केंद्र बनाया। गरीबों को पक्के घर, शौचालय, नल से जल, आयुष्मान भारत के माध्यम से स्वास्थ्य सुरक्षा, किसानोंके खातों में किसान सम्मान निधि और करोड़ों गरीबों को मुफ्त राशन जैसी योजनाएं इसी सेवा भावना का परिणाम हैं।
उन्होंने कहा कि वर्ष 2004 से 2014 के कांग्रेस शासन और 2014 के बाद नरेंद्र मोदी सरकार के बीच अंतर देश के सामने है। कांग्रेस का शासन घोटालों और बिचौलियों के लिए जाना गया, जबकि मोदी सरकार ने डिजिटल इंडिया और डायरेक्ट बेनिफिट ट्रांसफर के माध्यम से लाभ सीधे लाभार्थियों के बैंक खातों तक पहुंचाने की व्यवस्था खड़ी की। भारत आज दुनिया की प्रमुख आर्थिक शक्तियों में शामिल है और वैश्विक उथल-पुथल के बावजूद मजबूती के साथ आगे बढ़ रहा है।
8 हजार बूथों पर 80 हजार घरों में जलेंगे आशीर्वाद के दीप
डॉ. बिंदल ने बताया कि 17 सितंबर को शाम 7 बजे प्रदेश के लगभग 8 हजार पोलिंग बूथों पर 80 हजार घरों में दीप प्रज्ज्वलित करने का लक्ष्य रखा गया है। प्रत्येक बूथ पर कम से कम 100 परिवार प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के स्वस्थ एवं दीर्घ जीवन के लिए आशीर्वाद का दीप जलाएंगे और वर्ष 2047 तक भारत को विकसित राष्ट्र बनाने का संकल्प लेंगे।
उन्होंने कहा कि भाजपा कार्यकर्ता घर-घर जाकर लोगों से संवाद करेंगे। प्रत्येक परिवार तक अभियान का साहित्य पहुंचाया जाएगा और प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में देश में आए परिवर्तन तथा विकसित भारत के संकल्प पर चर्चा की जाएगी।
उन्होंने बताया कि 17 से 20 सितंबर तक चार दिनों में प्रदेशभर में रक्तदान शिविर लगाए जाएंगे। भारतीय जनता युवा मोर्चा के नेतृत्व में ब्लड बैंकों की क्षमता के अनुरूप अधिकतम रक्त संग्रह का प्रयास किया जाएगा। स्कूली
विद्यार्थियों के लिए विकसित भारत विषय पर पेंटिंग प्रतियोगिताएं और वाद-विवाद आयोजित होंगे तथा आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं को सम्मानित किया जाएगा।
उन्होंने कहा कि भाजपा प्रत्येक मंडल, ग्राम केंद्र और बूथ पर सेवा के अलग-अलग कार्यक्रम आयोजित करेगी। 25 वर्ष के सेवा और समर्पण के प्रतीक के रूप में 25 प्रकार के सेवा अभियान चलाए जाएंगे। इनमें नशा मुक्ति, स्वच्छता, बच्चों की शिक्षा, चिकित्सा सेवा, अनाथालयों एवं अभावग्रस्त लोगों की सहायता तथा दिव्यांगजनों की सेवा जैसे कार्यक्रम शामिल होंगे।
अभियान के अंतिम चरण में भारतीय जनता युवा मोर्चा के नेतृत्व में “सेवा ज्योति यात्रा” निकाली जाएगी। विभिन्न स्थानों से मशाल लेकर युवा जिला केंद्रों तक पहुंचेंगे और विकसित भारत-2047 के संकल्प को जन-जन तक ले जाएंगे।मोदी ने हिमाचल में विकास की कल्पना को जमीन पर उतारा
डॉ. बिंदल ने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में हिमाचल प्रदेश ने भी अभूतपूर्व आधारभूत संरचना का निर्माण देखा है। पहाड़ों पर विशाल पुलों और सुरंगों का निर्माण हो रहा है, दूरियां कम हो रही हैं और प्रदेश आधुनिक सड़क नेटवर्क से जुड़ रहा है। अटल टनल रोहतांग से लेकर प्रदेश में बन रही नई सुरंगें और बड़े पुल इस बदलाव के प्रत्यक्ष उदाहरण हैं।
उन्होंने कहा कि कांग्रेस के शासनकाल में जिन परियोजनाओं की कल्पना तक नहीं की गई, नरेंद्र मोदी सरकार उन्हें धरातल पर उतार रही है। केंद्र सरकार ने हिमाचल को विकास के लिए खुले मन से सहयोग दिया है और भाजपा इस परिवर्तन की जानकारी घर-घर तक पहुंचाएगी।
कांग्रेस के ‘समृद्ध हिमाचल’ के दावे पर CAG ने खड़े किए गंभीर सवाल
कांग्रेस सरकार पर हमला बोलते हुए डॉ. बिंदल ने कहा कि मुख्यमंत्री वर्ष 2032 तक हिमाचल को आत्मनिर्भर और समृद्ध बनाने का दावा कर रहे हैं, लेकिन CAG की रिपोर्ट प्रदेश सरकार के वित्तीय प्रबंधन पर गंभीर सवाल खड़े करती है।
उन्होंने कहा कि एक तरफ सरकार आत्मनिर्भरता की बातें करती है और दूसरी तरफ प्रदेश कर्ज के बढ़ते बोझ, वित्तीय कुप्रबंधन और विकास कार्यों की धीमी गति से जूझ रहा है। विधानसभा के हालिया सत्र ने भी सरकार के अनेक दावों की वास्तविकता जनता के सामने रख दी है।
डॉ. बिंदल ने कहा कि सवाल यह है कि कमजोर वित्तीय प्रबंधन और बढ़ते कर्ज के रास्ते पर चलकर सरकार 2032 तक आत्मनिर्भर हिमाचल कैसे बनाएगी? केवल घोषणाएं कर देने से प्रदेश आत्मनिर्भर नहीं होता, उसके लिए मजबूत वित्तीय अनुशासन और विकास की स्पष्ट नीति चाहिए।स्कूलों पर ताले और अध्यापकों की कमी कांग्रेस के शिक्षा मॉडल की पहचान
डॉ. बिंदल ने प्रदेश की शिक्षा व्यवस्था को लेकर सरकार पर तीखा हमला करते हुए कहा कि आज हजारों विद्यालय सिंगल टीचर व्यवस्था से जूझ रहे हैं और अनेक स्कूलों में शिक्षक तक उपलब्ध नहीं हैं। एक शिक्षक से पांच-पांच कक्षाओं को पढ़ाने की अपेक्षा की जा रही है।
उन्होंने कहा कि कांग्रेस सरकार ने बड़ी संख्या में शैक्षणिक संस्थानों पर ताले लगाए हैं, लेकिन जो विद्यालय चल रहे हैं वहां पर्याप्त शिक्षक, भवन और मूलभूत सुविधाएं सुनिश्चित करने में भी सरकार विफल साबित हो रही है।
उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार की नीतियों का सबसे बड़ा नुकसान गरीब परिवारों के बच्चों को हो रहा है। सरकारी स्कूलों में पढ़ने वाला बच्चा ही प्रदेश का भविष्य है, लेकिन उसी के हिस्से की सुविधाओं में लगातार कटौती की जा रही है।
फीस में भारी बढ़ोतरी, मुफ्त सुविधाओं पर कटौती
डॉ. बिंदल ने कहा कि सरकारी विद्यालयों के विद्यार्थियों को मिलने वाली अनेक सुविधाओं पर सरकार ने कैंची चलाई है। विद्यार्थियों की परिवहन सुविधा प्रभावित हुई, मुफ्त वर्दी जैसी सुविधा बंद हुई और अब विभिन्न शुल्कों में भारी वृद्धि करके गरीब एवं मध्यम वर्गीय परिवारों पर अतिरिक्त आर्थिक बोझ डाला जा रहा है।
उन्होंने कहा कि कक्षा 9वीं और 11वीं की पंजीकरण फीस ₹50 से बढ़ाकर ₹200 कर दी गई है, यानी 300 प्रतिशत की वृद्धि। इसी प्रकार लेट फीस ₹100 से बढ़ाकर ₹500 कर दी गई, अर्थात 400 प्रतिशत की वृद्धि।
उन्होंने कहा कि सरकार ऐसी परिस्थितियां पैदा कर रही है जिसमें गरीब परिवार के लिए सरकारी शिक्षा भी लगातार कठिन होती जाए। यदि स्कूल में शिक्षक नहीं होगा, भवन नहीं होगा, शौचालय और पीने के पानी जैसी सुविधाएंपर्याप्त नहीं होंगी, आने-जाने का खर्च बढ़ेगा और फीस भी बढ़ेगी तो इसका सीधा नुकसान विद्यार्थी को होगा।
बिना तैयारी CBSE और अंग्रेजी माध्यम लागू करना बच्चों पर प्रयोग
डॉ. बिंदल ने कहा कि सरकार शिक्षा क्षेत्र में बिना पर्याप्त तैयारी के लगातार प्रयोग कर रही है। स्कूलों को CBSE में बदलने और अंग्रेजी माध्यम लागू करने से पहले शिक्षकों को आवश्यक प्रशिक्षण तथा पर्याप्त संसाधन उपलब्ध करवाए जाने चाहिए थे।
उन्होंने कहा कि बच्चों की शिक्षा कोई प्रयोगशाला नहीं है। पहले शिक्षक तैयार होने चाहिए, पाठ्यक्रम और संसाधनों की व्यवस्था होनी चाहिए और उसके बाद परिवर्तन लागू होना चाहिए। बिना तैयारी किए निर्णय लेकर मासूम विद्यार्थियों के भविष्य को दांव पर लगाना अत्यंत चिंताजनक है।
हर महीने 200 स्थानों पर सरकार को घेरेगी भाजपा
डॉ. बिंदल ने कहा कि यह कहना गलत है कि भाजपा सरकार के खिलाफ जन आंदोलन नहीं कर रही। जुलाई महीने में भाजपा ने प्रदेश में 171 स्थानों पर प्रदर्शन किए, जिनमें स्थानीय जनता ने बड़ी संख्या में भाग लिया।
उन्होंने कहा कि टूटी सड़कों, बंद स्कूलों, बंद किए गए प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों, अस्पतालों में डॉक्टरों की कमी, CT Scan और Ultrasound जैसी जांच सुविधाओं की बदहाली सहित स्थानीय मुद्दों पर भाजपा लगातार आवाज उठा रही है।
डॉ. बिंदल ने कहा कि भारतीय जनता पार्टी ने निर्णय लिया है कि हर महीने लगभग 200 स्थानों पर स्थानीय जनसमस्याओं को लेकर धरने-प्रदर्शन किए जाएंगे। प्रदेश के 171 मंडलों के साथ अन्य महत्वपूर्ण स्थानों पर भी आंदोलन होंगे।
उन्होंने कहा कि कांग्रेस सरकार को जनता की आवाज सुननी ही पड़ेगी। भाजपा सदन से सड़क तक जनहित के मुद्दे उठाती रहेगी और कांग्रेस सरकार की जनविरोधी नीतियों, वित्तीय कुप्रबंधन तथा शिक्षा और स्वास्थ्य व्यवस्था की बदहाली को जनता के सामने पूरी मजबूती के साथ उजागर करेगी।







