आज इंडियन नेशनल कैलेंडर के अनुसार राष्ट्रीय सौर दिनांक INC 30 माघ 1944
???????? आज ग्रेगोरियन अंग्रेजी दिनांक 19 फरवरी 2023
???????? इसका प्रयोग हमें चैक,NEFT, प्रवेश पत्र, जन्म मृत्यु प्रमाण पत्र, आदि पर
अंग्रेजी में चेक लिखना हो तब INC 30 MAGH 1944
हिंदी में चेक भरना हो तब
राष्ट्रीय सौर 30 माघ 1944 इस प्रकार लिखना चाहिए।
???????? हमारी वैदिक ब पौराणिक व्यवस्था बहुत ही वैज्ञानिक है। अंतरिक्ष विज्ञान की विश्व की सबसे उत्तम गणना भारतीय वेद पुराण है। कुछ जनमानस अज्ञानता वश भारतीय पुराणों का उपहास उड़ाते हैं विदेशों में जिस दृढ़ता से संस्कृत भाषा आवश्यक हो रही है वह समय दूर नहीं कि उपहास कर्ताओं को मुंह की खानी पड़ेगी। हमें इसका प्रचार प्रसार करना चाहिए अपनी प्राचीनतम ब सर्वश्रेष्ठ सभ्यता पर गर्व महसूस करना चाहिए यही हमारी ऋषि-मुनियों के लिए सच्ची श्रद्धांजलि होगी
???? मंदिर सूचना पट्ट, कथा, कीर्तन, विवाह शादी, गृह प्रवेश निमंत्रण पत्र आदि पर दिनांक इस प्रकार लिखें 30 माघ 1944 (5124)???? ओम विष्णु विष्णु विष्णु श्रीमद् भगवतो महत् पुरुषस्य विष्णो राजया प्रवर्तमानस्य अद्य ब्रह्मणो द्वितीये परार्धे श्री श्वेत वराह कल्पे सप्तमे वैवस्वत मन्वंतरे अष्टा विंशति तमे कलियुग संबत 5124 माघ मासे (वैदिक नाम तपस्य मासे) दिनांक 30 रवि वासरे ……. नामक स्थाने ( अपना गोत्र ब नाम ) पूजा अहम् करिष्यामी ???????? राष्ट्रीय शक् संवत् (सन्)1944
???? विक्रमी संवत् (सन्) 2079
???? युगाब्द या कलियुग संवत् 5124
???? श्री कृष्ण संवत् (सन्) 5249
???? श्री राम संवत्(सन्) 880165
???? सृष्टि संवत् 1955885123???? संवत्सर नल ???? उत्तरायण
???? ऋतु शिशिर
???? वेदों के अनुसार इस महीने का नाम तपस्य मास है
???? चन्द्र के अनुसार महीना फाल्गुन पक्ष कृष्ण
???? तिथि चतुर्दशी
???? वार रवि वार
???? नक्षत्र श्रवण दोपहर 2:43 तक तदुपरांत धनिष्ठा
???? दिनमान 27 घटी 55 पल (एक दिन रात 60 घटी अथवा 24 घंटे का होता है)
????सूर्य उदय 7:00 सूर्य अस्त 6:10
???? कुंभ राशि में सूर्य संक्रान्ति से प्रविष्टे 07
???? दिशाशूल पश्चिम (यदि यात्रा आवश्यक हो तो पान या घी खाकर घर से निकले, हमने किसी स्थान पर जाना है और वहां से उसी दिन वापस आना है तो दिशाशूल नहीं होता)
???? अभिजीत मुहूर्त दोपहर 12:12 to 12 :57
(इस समय किये गये कार्य की रक्षा स्वयं भगवान विष्णु करते हैं)
???? राहुकाल 4:49 pm से 06:13 pm तक ( इस समय में कोई भी शुभ कार्य नहीं करना चाहिए ऐसा दक्षिण भारत में मान्यता है)
???? यह पंचांग दिल्ली के अक्षांश रेखांश पर आधारित है।
???? गंडमूल 23 फरवरी 4:49am से 25 फरवरी 3:25am तक
???? पंचक 20 फरवरी 1:15 am से 24 फरवरी 3:43 am तक
???? सोमवती अमावस्या 20 फरवरी सोमवार
???? फुलेरा दूज, श्री रामकृष्ण परमहंस जयंती, हिंदी दिवस 21 फरवरी मंगलवार
???? होलाष्टक प्रारंभ 27 फरवरी सोमवार
???? अष्ट्राह्निका आरंभ जैन, लठमार होली बरसाना, राष्ट्रीय विज्ञान दिवस 28 फरवरी मंगलवार
???? सर्वार्थ सिद्धि योग 18 फरवरी 5:41 pm से 19 फरवरी 7:00 am तक(इस मुहूर्त में किए गए सभी कार्य सिद्ध होते हैं)
???? सर्वार्थसिद्धि योग 23 फरवरी प्रातः 6:56 से 25 फरवरी प्रातः 5: 25 तक
???? द्विपुष्कर योग 19 मार्च 00:28 am से लेकर 8:07 am तक(इस समय में किया गया कार्य दोगुना होता है)
???? त्रिपुष्कर योग 21 फरवरी प्रातः 9:04 से 22 फरवरी प्रातः 6:00 बजे तक (इस समय किया गया कार्य तीन गुना वृद्धि होता है)
???? ज्वालामुखी योग 27 फरवरी 00:58 am से 5:18 am तक ( इस समय किया हुआ कार्य सफल नहीं होता)


