इस अवसर पर लोक निर्माण एवं शहरी विकास मंत्री विक्रमादित्य सिंह ने कहा कि वीरभद्र सिंह को किसी विशेष स्थान तक सीमित नहीं किया जा सकता। पूरा हिमाचल प्रदेश उनकी कर्मस्थली और जन्मभूमि रहा है। उन्होंने कहा कि वीरभद्र सिंह मां भीमाकाली को सदैव अपनी आराध्य शक्ति मानते थे और अपने लंबे राजनीतिक जीवन में अनेक उतार-चढ़ाव के बावजूद मां भीमाकाली का आशीर्वाद लेते रहे।
उन्होंने कहा कि मां भीमाकाली के प्रांगण में वीरभद्र सिंह की प्रतिमा का अनावरण सभी लोगों की सामूहिक भावना थी। उनकी जन्मस्थली सराहन में इस प्रतिमा का अनावरण उनके प्रति सच्ची श्रद्धांजलि है। उन्होंने कहा कि अष्टमी का दिन इस आयोजन के लिए सबसे उपयुक्त था, क्योंकि मुख्यमंत्री रहते हुए भी वीरभद्र सिंह प्रदेश के किसी भी कोने में हों, अष्टमी के दिन मां भीमाकाली का आशीर्वाद लेने सराहन अवश्य आते थे।
विक्रमादित्य सिंह ने कहा कि वीरभद्र सिंह ने अपने पूरे कार्यकाल में हिमाचल प्रदेश का चौमुखी विकास सुनिश्चित किया। वह छः बार प्रदेश के मुख्यमंत्री रहे और उनके नेतृत्व में विकास की मजबूत नींव रखी गई। उन्होंने कहा कि आने वाले समय में वीरभद्र सिंह की सोच को आगे बढ़ाते हुए हिमाचल प्रदेश के हर क्षेत्र का विकास किया जाएगा। विशेष रूप से रामपुर विधानसभा क्षेत्र और आसपास के क्षेत्रों के विकास को आगे ले जाना सभी का दायित्व है।
*रामपुर विधानसभा क्षेत्र में सड़क विकास कार्य प्रगति पर*
लोक निर्माण मंत्री ने कहा कि रामपुर विधानसभा क्षेत्र में लोक निर्माण विभाग सहित सभी विभागों के माध्यम से अनेक विकास कार्य किए जा रहे हैं। उनका प्रयास रहा है कि प्रदेश सरकार और केंद्र सरकार की योजनाओं का अधिकतम लाभ क्षेत्र को मिले तथा अधिक से अधिक सड़कों का उन्नयन किया जाए।
उन्होंने बताया कि प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना के तहत रामपुर विधानसभा क्षेत्र के विभिन्न इलाकों में लगभग 250 करोड़ रुपये की लागत से सड़क उन्नयन के कार्य चल रहे हैं। इन कार्यों से ग्रामीण क्षेत्रों में संपर्क सुविधा बेहतर होगी और लोगों को शिक्षा, स्वास्थ्य तथा अन्य आवश्यक सेवाओं तक पहुंचने में सुविधा मिलेगी।
विक्रमादित्य सिंह ने कहा कि झाकड़ी के ब्रॉनी खड्ड पर पुल निर्माण की मांग लंबे समय से लंबित थी। उन्होंने कई बार दिल्ली जाकर केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी से इस विषय में सहयोग का आग्रह किया। उन्होंने कहा कि पिछले दिन उनके जन्मदिन के अवसर पर रामपुर विधानसभा क्षेत्र को यह शुभ उपहार मिला और पुल निर्माण के लिए 127 करोड़ रुपये स्वीकृत किए गए।
उन्होंने कहा कि हिमाचल प्रदेश के हितों को दलगत राजनीति से ऊपर उठकर केंद्र सरकार के समक्ष मजबूती से रखना उनका दायित्व है। प्रदेश के विकास के लिए वह निरंतर इसी भावना के साथ कार्य करते रहेंगे।








